- Home
- /
- दिल्ली-एनसीआर
- /
- मीराबाई चानू ने एशियन...
मीराबाई चानू ने एशियन गेम्स में जीता सिल्वर, PM मोदी ने दी बधाई; कहा- देश को आप पर गर्व

नई दिल्ली। भारत की स्टार वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने आइची-नागोया एशियाई खेल 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 49 किलोग्राम भार वर्ग स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीत लिया। बुधवार को मिली इस उपलब्धि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि मीराबाई का दृढ़ संकल्प और निरंतरता पूरे देश को प्रेरित करती है। प्रधानमंत्री ने उनके भविष्य के प्रयासों के लिए भी शुभकामनाएं दीं।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर प्रधानमंत्री मोदी का संदेश साझा किया। इसमें मीराबाई के सिल्वर मेडल को खास बताते हुए उनकी उपलब्धि की सराहना की गई। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को मीराबाई चानू पर गर्व है।
A special Silver for @mirabai_chanu! Congratulations to her on winning the medal in the Women’s 49 kg Weightlifting event. Her determination and consistency continue to inspire the nation. India is proud of her. Best wishes for her future endeavours: PM @narendramodi pic.twitter.com/PTKLjXRjjw
— PMO India (@PMOIndia) September 23, 2026
मीराबाई ने उठाया कुल 198 किलो वजन
मीराबाई चानू ने महिलाओं की 49 किलोग्राम स्पर्धा में कुल 198 किलोग्राम वजन उठाकर दूसरा स्थान हासिल किया। उन्होंने स्नैच में 87 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 111 किलोग्राम वजन उठाया। उत्तर कोरिया की री सोंग गुम ने कुल 215 किलोग्राम वजन उठाकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
Mirabai Chanu nails all her three Snatch attempts, successfully lifting 83kg, 85kg and 87kg in a perfect start to her Asian Games campaign! 🔥
— Sony Sports Network (@SonySportsNetwk) September 23, 2026
Watch the 20th Asian Games Aichi-Nagoya LIVE on Sony Sports Network TV channels & Sony LIV.#SonySportsNetwork #SonyLIV #AsianGames… pic.twitter.com/E1DnrjOhuB
स्नैच में मीराबाई ने अपने प्रयासों में लगातार सुधार किया। उन्होंने शुरुआत 83 किलोग्राम से की और इसके बाद 85 तथा 87 किलोग्राम का वजन सफलतापूर्वक उठाया। क्लीन एंड जर्क में 111 किलोग्राम के सफल प्रयास ने उन्हें सिल्वर मेडल तक पहुंचाया।
पहला एशियन गेम्स मेडल
मीराबाई चानू के लिए यह पदक बेहद खास है क्योंकि यह उनके करियर का पहला एशियाई खेल पदक है। ओलंपिक, विश्व चैंपियनशिप और कॉमनवेल्थ गेम्स जैसे बड़े मंचों पर पदक जीत चुकी मीराबाई के शानदार करियर में एशियन गेम्स का पदक अब तक शामिल नहीं था। नागोया में सिल्वर जीतकर उन्होंने इस कमी को भी पूरा कर लिया।
इससे पहले 2014 के इंचियोन एशियाई खेलों में वह नौवें स्थान पर रही थीं। 2018 जकार्ता एशियन गेम्स में चोट के कारण हिस्सा नहीं ले सकीं। इसके बाद 2023 के हांगझोऊ एशियाई खेलों में वह पदक के बेहद करीब पहुंचीं लेकिन चौथे स्थान पर रहीं।
28 साल बाद भारत को वेटलिफ्टिंग में पदक
मीराबाई का सिल्वर भारतीय वेटलिफ्टिंग के लिए भी महत्वपूर्ण उपलब्धि है। भारत को एशियन गेम्स की वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में 28 साल बाद पदक मिला है। इससे पहले कर्णम मल्लेश्वरी ने 1998 के बैंकॉक एशियाई खेलों में भारत के लिए पदक जीता था।
इस लंबे इंतजार को समाप्त करने के साथ मीराबाई ने भारतीय वेटलिफ्टिंग के इतिहास में एक और उपलब्धि अपने नाम कर ली।
पीएम मोदी ने बढ़ाया हौसला
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीराबाई चानू की उपलब्धि पर उन्हें बधाई देते हुए उनके दृढ़ संकल्प और निरंतर प्रदर्शन की प्रशंसा की। प्रधानमंत्री कार्यालय की आधिकारिक पोस्ट में कहा गया कि मीराबाई का समर्पण देश को लगातार प्रेरित करता है और भारत को उन पर गर्व है।
प्रधानमंत्री ने मीराबाई को आने वाली प्रतियोगिताओं और भविष्य के प्रयासों के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
चोटों से जूझकर बार-बार की वापसी
मीराबाई चानू का अंतरराष्ट्रीय करियर उपलब्धियों के साथ चोट और मुश्किल वापसी की कहानी भी रहा है। कई बड़ी प्रतियोगिताओं के दौरान उन्हें चोटों से जूझना पड़ा, लेकिन उन्होंने बार-बार अंतरराष्ट्रीय मंच पर वापसी की।
2023 हांगझोऊ एशियन गेम्स में भी वह पदक की दौड़ में थीं, लेकिन चोट के कारण अंतिम क्लीन एंड जर्क प्रयास पूरा नहीं कर सकीं और चौथे स्थान पर रहीं।
तीन साल बाद आइची-नागोया में उन्होंने उसी प्रतियोगिता में सिल्वर जीतकर अपने एशियन गेम्स पदक का इंतजार समाप्त किया।
ओलंपिक में भी जीत चुकी हैं सिल्वर
मीराबाई चानू भारतीय वेटलिफ्टिंग की सबसे सफल खिलाड़ियों में शामिल हैं। उन्होंने टोक्यो ओलंपिक में महिलाओं की 49 किलोग्राम स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीता था। इसके अलावा वह विश्व चैंपियन भी रह चुकी हैं और कॉमनवेल्थ गेम्स में कई पदक उनके नाम हैं।
2017 विश्व वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप में उन्होंने गोल्ड मेडल हासिल किया था। कॉमनवेल्थ गेम्स में भी उनका प्रदर्शन लगातार प्रभावशाली रहा है।
भारतीय वेटलिफ्टिंग के लिए बड़ी उपलब्धि
एशियन गेम्स में वेटलिफ्टिंग की प्रतिस्पर्धा बेहद कड़ी मानी जाती है। चीन, उत्तर कोरिया, दक्षिण कोरिया और अन्य एशियाई देशों के वेटलिफ्टर इस खेल में विश्व स्तर पर मजबूत प्रदर्शन करते रहे हैं।
ऐसे में महिलाओं की 49 किलोग्राम कैटेगरी में मीराबाई का सिल्वर भारतीय वेटलिफ्टिंग के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
मीराबाई के इस प्रदर्शन ने एक बार फिर दिखाया कि वह लंबे समय से भारत की प्रमुख अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं में क्यों शामिल रही हैं।
सिल्वर के साथ पूरा हुआ लंबा इंतजार
एशियाई खेलों का पदक मीराबाई चानू के करियर में लंबे समय से प्रतीक्षित उपलब्धि था। इंचियोन में नौवें स्थान से लेकर हांगझोऊ में चौथे स्थान तक उनका सफर आसान नहीं रहा। नागोया में उन्होंने आखिरकार पोडियम पर जगह बनाई और सिल्वर मेडल हासिल किया।
अब उनके पदक संग्रह में ओलंपिक, विश्व चैंपियनशिप, कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन गेम्स जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय आयोजनों के पदक शामिल हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से मिली बधाई ने इस उपलब्धि को और खास बना दिया। पीएम मोदी ने उनके दृढ़ संकल्प और निरंतरता को देश के लिए प्रेरणादायक बताते हुए भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।





